Sunday , May 29 2022

सपा गठबंधन के सभी बड़े नेता चुनाव हार चुके, नौटंकी बंद करो, अखिलेश यादव के आरोपों पर डिप्टी सीएम केशव प्रसाद का हमला

लखनऊ (आई वाच न्यूज़ नेटवर्क)। बनारस में सपाइयों द्वारा ईवीएम लदी गाड़ी पकड़ी जाने और अखिलेश यादव के आरोपों के बाद डिप्टी सीएम केशव प्रसाद ने सपा प्रमुख पर हमला किया है। केशव ने कहा कि पराजय के डर से निष्पक्ष और शांतिपूर्ण चुनावों का स्वागत करने की जगह सपा प्रमुख अखिलेश यादव के आरोप पराजय के बाद का मीडिया के लिए जारी होने वाला प्रेस नोट है। मतगणना से पहले तैयार कर रहे हैं। सपा की करारी हार सरकार में रहते किए काले कारनामों के कारण हो रही है।

केशव ने लिखा कि सपा गठबंधन के तथाकथित सभी बड़े नेता चुनाव हार चुके हैं। मतगणना के पहले नौटंकी बंद करें। चुनाव आयोग सभी प्रत्याशियों को ईवीएम मशीन की रखवाली की अनुमति है, परंतु यूपी अब जातिवादी, परिवारवादी, गुंडागर्दी, दंगाईयों के विरूद्ध ईमानदारी से काम करने वाली पार्टी की सरकार के साथ है और रहेगी। केशव ने कहा कि परिवारवाद के प्रतीक अखिलेश यादव का हार के भय से लोकतंत्र बचाने के लिए क्रांति की बात करना महज़ हास्यास्पद है। कथित परिवारवाद से लोकतंत्र को बचाने का काम केवल भाजपा ही कर रही है।

क्या है अखिलेश का आरोप
अखिलेश यादव ने काउंटिंग में गड़बड़ी का भी आरोप लगाया है। उन्होंने एग्जिट पोल्स में बीजेपी की जीत की भविष्यवाणी को भी इसी का एक हिस्सा बताया है। अखिलेश यादव ने मंगलवार शाम को लखनऊ में प्रेस कॉन्फ्रेंस करते हुए कहा कि यह लोकतंत्र की आखिरी लड़ाई है और अब बदलाव के लिए क्रांति करनी होगी।

अखिलेश यादव ने कहा, ”यह सूचना मिल रही थी मुख्यमंत्री के सबसे बड़े अधिकारी, प्रमुख सचिव का जगह-जगह फोन जा रहा है कि जहां बीजेपी हारे वहां काउंटिंग स्लो करिए। यदि हम पिछला चुनाव देखें जो बीजेपी की जो जीत हुई, 47 सीटें ऐसी हैं जहां 5 हजार से कम वोट का मार्जिन है। आज बनारस में देखने को मिला है, ईवीएम ले जाईं जा रही थीं। एक ट्रक पकड़ा गया, दो ट्रक लेकर भाग गए। यदि सरकार वोट की चोरी नहीं कर रही थी तो बताए दो गाड़ियां क्यों भागीं। सुरक्षा का इंतजाम क्यों नहीं किया गया। क्या वजह है कि बिना सिक्यॉरिटी के ईवीएम जा रही हैं। किसी वेयर हाउस और स्ट्रॉन्ग रूप में रखा है तो बिना प्रत्याशियों को सूचना दिए मूव नहीं किया जा सकता है।”

About I watch

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

कोरोना का कहर

भारत की स्थिति