Monday , January 17 2022

कही-अनकही सचकही

‘हिंदू लड़कियों को पसंद है मुस्लिमों का…’ से लेकर ‘हिंदू रखैल… मुस्लिम मर्द की दीवानी’: सोशल मीडिया पर धर्म को निशाना बना अश्लीलता, जुड़े हैं हजारों

सोशल मीडिया पर महिलाओं को निशाना बनाया जा रहा है, वो भी धर्म के आधार पर। कई ऐसे कंटेंट्स सामने आए हैं, जिनसे पता चलता है कि हिन्दू महिलाओं की प्राइवेसी भंग कर के उन्हें बदनाम किया जा रहा है। मुस्लिम पुरुषों के साथ उनके नाम जोड़ कर उन्हें सरेआम ...

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कभी कभी मेरे दिल में ख्याल आता है…

सर्वेश कुमार तिवारी क्या होता यदि सम्राट अशोक और उनके बाद के कुछ भारतीय सम्राटों के समय तात्कालिक पश्चिमोत्तर भारत( आज का पाकिस्तान, अफगानिस्तान) बौद्ध नहीं हुआ होता। उधर के लोग युद्ध का त्याग नहीं किये होते, तो क्या अरब से निकला कोई मोहम्मद बिन कासिम इतनी आसानी से सबको ...

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इतिहास से परिहास

के. विक्रम राव Twitter ID: @Kvikramrao भारतीय उपमहाद्वीप के गत सदी के राजनैतिक इतिहास में चौधरी चरण सिंह एक विलक्षण शख्सियत रहे। वे मुख्यमंत्री तथा प्रधानमंत्री बने, मगर दल बदल कर। मोरारजी देसाई पहले थे जो राज्य और केन्द्र में शीर्ष पद पर रहे। उन्हें गिराकर चरण सिंह उठे थे। ...

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अब नरसिम्हा राव की विरासत सबको जरूरी क्यों लगने लगी है?

पीवी नरसिम्हा राव के नाम तक से पल्ला झाड़ने वाली कांग्रेस सहित विभिन्न राजनीतिक दलों और मीडिया विश्लेषकों को अब उनकी विरासत याद करना जरूरी क्यों लगने लगा है? यह जून, 1991 की बात है. कांग्रेस ने आम चुनाव में सबसे ज्यादा 244 सीटें जीती थीं. यह तय था कि ...

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सेंटा का गिफ्ट…

सर्वेश कुमार तिवारी सन 1510 गोआ के तात्कालिक मुश्लिम शासक यूसुफ आदिल शाह को पराजित कर पुर्तगालियों ने गोआ में अपनी सत्ता स्थापित की। अगले पच्चीस तीस वर्षों में गोआ पर पुर्तगाली पूरी तरह स्थापित हो गए। फिर शुरू हुआ गोआ का ईसाईकरण। कुछ लोग उनकी कथा के प्रभाव में ...

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वृषभ को आमंत्रण !!

के. विक्रम राव   सबकुछ ठीकठाक था, पंजाब तथा उत्तराखण्ड में। क्या सूझी, कैसे कौंधी, सोनिया गांधी को कि उथल—पुथल मचा दिया ? सुखमा झील से सटे चण्डीगढ़ में एक कांग्रेसी मुख्यमंत्री (अमरेन्द्र सिंह) को उखाड़ दिया? गंगातट के निकट देहरादून (उत्तराखण्ड़) में एक बुजुर्ग पार्टी पुरोधा (हरीश रावत) के मुख्यमंत्री ...

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21 दिसम्बर सन सत्रह सौ चार…

सर्वेश कुमार तिवारी छह महीने से पड़े मुगलों के घेरे को तोड़ कर अपनी चार सौ की फौज के साथ गुरु गोविन्द सिंह निकल गए थे। वहाँ से निकलने के बाद सबको सिरसा नदी को पार करना था। जाड़े की भीषण बरसात के कारण उफनती हुई नदी, और रात की ...

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…..तो अब युगों युगों का भरोसा टूट रहा है

सर्वेश कुमार तिवारी कल परसो हमारे यहाँ की लड़कियों ने पीड़िया बहाई थी। पन्द्रह बीस दिन पहले मिथिलांचल की बेटियों ने शामा-चकेवा खेला था, इसी बीच में अवधियों की बेटियां करमा-धर्मा मनाई थीं। ये सब चिड़ियों के घर आने के पर्व हैं। अब आप चिड़िया का अर्थ पक्षियों से लगाएं ...

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सेक्युलर मुखौटे वाला खालिस्तानी आंदोलन, जहाँ भीड़तंत्र के सामने बेबस रही पुलिस: ‘ठेकेदारों’ से निपटने और कम्युनिकेशन पर सोचे केंद्र

अनुपम कुमार सिंह सबसे बड़ी बात तो ये है कि इस आंदोलन को जिस तरह से कृषि के नाम पर सिख कट्टरवाद और खालिस्तानी अलगाववाद से जोड़ा गया, वो एक बहुत बड़ी साजिश थी। अचानक से लंदन में सिखों के अलग मुल्क के ली रेफरेंडम होने लगा, प्रतिबंधित संगठन SFJ ...

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केरल में बचाओ-बचाओ, कर्नाटक में चाहें खुला मैदान: भोले-भाले हिंदुओं को मिशनरियों के रहम पर नहीं छोड़ सकती सरकारें

शिव मिश्रा कर्नाटक के मुख्यमंत्री बसवराज बोम्मई से बुधवार (22 सितंबर 2021) को बंगलुरु के आर्च बिशप पीटर मैकाडो की अगुवाई में कैथोलिक बिशप मिले। उन्होंने मुख्यमंत्री के सामने राज्य सरकार के प्रस्तावित जबरन धर्मांतरण विरोधी कानून को लेकर चिंता व्यक्त की। बिशप मैकाडो की अगुवाई वाले डेलीगेशन ने मुख्यमंत्री ...

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कोहाट दंगे: खिलाफ़त आंदोलन के लिए हुई ‘डील’ ने कैसे करवाया था हिंदुओं का सफाया? 3000 का हुआ था पलायन

जयन्ती मिश्रा पाकिस्तान में हिंदुओं पर होते अथाह अत्याचार की हकीकत आज सबके सामने है। लोगों को लगता है कि ये सब पिछले कुछ सालों में शुरू हुआ वरना उससे पहले मुस्लिम बहुल इलाकों में हिंदुओं के साथ सब कुछ ठीक था। कुछ लोग ऐसी भयावह स्थिति के लिए विभाजन ...

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राहुल गाँधी जी, RSS ने महात्मा गाँधी के सीने पे 3 गोलियाँ तो नहीं मारी, लेकिन कॉन्ग्रेस ने बापू के पीठ पर 3 खंजर जरूर घोंपे हैं

जयन्ती मिश्रा राष्ट्रपति महात्मा गाँधी की हत्या के नाम पर एक बार फिर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) को बदनाम करने का प्रयास हुआ है। इस बार भी यह कोशिश कॉन्ग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गाँधी ने की है। उन्होंने पूछा है कि अगर गाँधी जी ने हिंदू धर्म को समझा और ...

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मोदी: नेतृत्व और प्रशासनिक कौशल के असाधारण नायक

राजीव चंद्रशेखर (लेखक केंद्रीय कौशल विकास एवं उद्यमिता और इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी राज्य मंत्री हैं) मंत्रिमंडल में शामिल होने के बाद मैं पहली बार अपने राज्य कर्नाटक, जन आशीर्वाद यात्रा के लिए गया था। इस कार्यक्रम के अंतर्गत मैंने 6 जिलों की यात्रा की। मुझे 4 दिनों की इस ...

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जन्मभूमि पर चाहिए थी यूनिवर्सिटी, भूमि घोटाले का ‘मनगढंत आरोप: अब वोट के लिए ‘राम भक्त’ बनें सिसोदिया-संजय, पहुँचे अयोध्या

मनीष सिसोदिया रामलला के दर्शन करने अयोध्या पहुँच गए। महत्वपूर्ण घोषणा है, खासकर इसलिए क्योंकि यही सिसोदिया श्री राम जन्मभूमि स्थल पर मंदिर नहीं बल्कि विश्वविद्यालय चाहते थे। अब जबकि राम मंदिर निर्माण का कार्य चल रहा है, “मंदिर वहीं बनाएँगे पर तारीख नहीं बताएँगे” जैसे व्यंग्यात्मक नारे अब नहीं ...

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महज चौपाया नहीं है गाय

के विक्रम राव  इलाहाबाद उच्च न्यायालय के न्यायमूर्ति शेखर यादव द्वारा गाय के सम्बंध में एक अतिमहत्वपूर्ण निर्णय के सिलसिले में यह मेरा एक दस्तावेजी लेख पुर्नप्रस्तुत है। किन्तु आज भी यह सामयिक कहलायेगा। अपने पिछले अवतार (भारतीय जनसंघ, राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ : आरएसएस) में इसके पुरोधाओं ने गोवध बन्दी ...

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कोरोना का कहर

भारत की स्थिति