Sunday , July 14 2024

अमरिंदर ने पाक सेना प्रमुख से गले मिलने पर सिद्धू पर साधा निशाना, कहा – हर दिन हमारे फौजी शहीद होते हैं और….

चंडीगढ़। पंजाब के मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह ने पाकिस्तान के प्रधानमंत्री के रूप में इमरान खान के शपथ ग्रहण समारोह में पड़ोसी देश के सैन्य प्रमुख को गले लगाने के लिए अपने मंत्रिमंडल के सहयोगी नवजोत सिंह सिद्धू पर निशाना साधते हुए उनके कृत्य को ‘गलत’ बताया. सिद्धू के कल पाकिस्तान के सेना प्रमुख को गले लगाने के बारे में पूछे जाने पर अमरिंदर सिंह ने यहां पत्रकारों से कहा, ‘मुझे लगता है कि पाकिस्तान के सेना प्रमुख के लिए उन्होंने जो स्नेह दिखाया वह उनके लिए गलत था.’ उन्होंने कहा कि हर दिन हमारे फौजी शहीद होते हैं और सिद्धू पाक सेना प्रमुख जनरल वाजवा को झप्पी दे रहे हैं. मैं इसके हक में नहीं हूं.

सिद्धू आज पाकिस्तान से लौटे. वह क्रिकेटर से नेता बने इमरान खान के न्योते पर शपथ ग्रहण समारोह में भाग लेने गए अकेले भारतीय थे. एक अन्य सवाल पर अमरिंदर सिंह ने कहा कि सिद्धू व्यक्तिगत तौर पर पाकिस्तान गए थे. इमरान खान के न्योते पर इस्लामाबाद में राष्ट्रपति भवन में शपथ ग्रहण समारोह में मौजूद विशेष अतिथियों में सिद्धू भी शामिल थे.

fdsnplg8

इमरान खान के शपथ ग्रहण समारोह में पाकिस्तान के सेना प्रमुख ने नवजोत सिंह सिद्धू को गले लगाया था.

वर्ष 1992 में पाकिस्तान की विश्व विजेता क्रिकेट टीम के कप्तान रहे खान ने अपनी टीम के पूर्व साथियों और दोस्तों को इस समारोह में आमंत्रित किया था. भाजपा और अकाली दल ने भी पाकिस्तान जाने के लिए सिद्धू पर निशाना साधते हुए कहा कि उन्होंने पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के निधन पर शोकाकुल अपने देश के लोगों की भावनाओं को नजरअंदाज किया.

इससे पहले इमरान खान के शपथ ग्रहण समारोह में पड़ोसी देश के सैन्य प्रमुख को गले लगाने के लिए आलोचनाओं का सामना कर रहे पंजाब के मंत्री नवजोत सिंह सिद्धू ने इसका बचाव किया. पंजाब सरकार में मंत्री सिद्धू ने पूछा कि अगर कोई कहे कि हमारी संस्कृति एक है और ऐतिहासिक गुरुद्वारा करतारपुर साहिब का रास्ता खोलने की बात करे तो उन्हें क्या करना चाहिए था?

सिद्धू ने भारत लौटने पर पत्रकारों से कहा, ‘अगर कोई (पाक सेना प्रमुख) मेरे पास आता है और कहता है कि हमारी संस्कृति एक है और हम पहले सिख गुरु, गुरु नानक देव की 550वीं जयंती पर पाकिस्तान में गुरुद्वारा करतारपुर साहिब का मार्ग खोलेंगे तो मैं क्या कर सकता था?

साहसी पत्रकारिता को सपोर्ट करें,
आई वॉच इंडिया के संचालन में सहयोग करें। देश के बड़े मीडिया नेटवर्क को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर इन्हें ख़ूब फ़ंडिग मिलती है। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें।

About admin