Monday , June 17 2024

विशेष

मुस्लिमों के बीच काला लिबास, हिन्दुओं के बीच चंदन लगाना: प्रियंका के बहरूपिया पर विश्वास कर कौन देगा वोट?

यदि स्लेट सफा चट्ट रहे तो फिर उस पर इच्छानुसार कुछ भी लिखा जा सकता है। छात्र वर्णमाला से लेकर व्याकरण और गिनती से लेकर पहाड़ा तक, कुछ भी टीप सकता है। और छात्र यदि पढ़ने की ऐक्टिंग करने वाला हो तो फिर पढ़ाई करने का आभास देते हुए वह ...

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7 साल बाद PM मोदी यहाँ हैं… नेहरू, इंदिरा, मनमोहन कहाँ थे

लोकतंत्र और सियासत की सबसे बड़ी खासियत यह होती है कि वह हर दौर में चेहरा/चेहरे तलाश लेता है, जिनके इर्द-गिर्द चुनावी राजनीति सिमटी रहती है। इन चेहरों का प्रभाव व्यापक या क्षेत्रीय हो सकता है। पर इसका उलट एक क्रूर सत्य भी है। अमूमन ऐसे चेहरे अपने राजनैतिक प्रभाव ...

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कुरुक्षेत्र: केशव मौर्य हो सकते हैं प्रदेश भाजपा अध्यक्ष तो योगी के सामने आचार्य को उतार सकती है कांग्रेस

विनोद अग्निहोत्री कोरोना के दूसरे आक्रमण से जूझते देश में अब भारतीय जनता पार्टी और कांग्रेस ने अगले साल होने वाले विधानसभा चुनावों की तैयारी शुरू कर दी है। भाजपा और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की सबसे बड़ी चिंता उत्तर प्रदेश को लेकर है। रविवार को भाजपा नेतृत्व की शीर्ष स्तर ...

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आग की भट्टी में सुलगते गाँव

कृष्णमुरारी त्रिपाठी अटल कोरोना संक्रमण अपने चरम पर है,इससे लगभग कोई भी अछूता नहीं रह गया है। गाँव आज अपने भाग्य को कोसते हुए अपनी अन्तहीन पीड़ा में कराह रहे हैं। स्थिति ठीक आग की भट्टी में सुलगने वाले कोयले की तरह हो गई है।सबके पास अपने बचाव की पर्याप्त ...

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भगत सिंह फिर जन्मे, मगर पड़ोस के घर में !

के. विक्रम राव देश बनता है राष्ट्रनायकों के उत्सर्ग से। संघर्षशील इस्राइल इस तथ्य का जीवंत प्रमाण है। आठ अरब देशों, सभी शत्रु, की 42 करोड़ आबादी का मुकाबला सात दशकों से 90 लाख जनसंख्यावाला इस्राइल अकेला कर रहा है। तीन युद्ध लड़ा और सभी जीता भी। इस्राइल में हर ...

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‘अल्लाह-हू-अकबर’ के साथ दंगे, आतंक, जबरन धर्म-परिवर्तन पर चुप्पी… लेकिन ‘जय श्रीराम’ नारे पर सबूत माँग रहा गैंग

हरियाणा का मेवात पिछले साल हिंदुओं पर होते अत्याचारों के कारण सुर्खियों में था और इस बार ये चर्चा में आसिफ की तथाकथित मॉब लिंचिंग की वजह से आया है। बीते वर्ष चंद चैनलों या वेबसाइट्स को छोड़ दिया जाए तो किसी ने हिंदूविहीन होते गाँवों पर बोलना तक जरूरी नहीं समझा था। लेकिन ...

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विधायिका और कार्यपालिका के बीच संतुलन में फंसे मुख्यमंत्री

राजेश श्रीवास्तव उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पूरे प्रदेश में आंशिक कोरोना कफ्र्यू शुरू कर दिया। कागजों पर संक्रमितों की संख्या घटी। यह बात दूसरी है कि गांवों में संक्रमण नहीं थमा है। अकेले यूपी के बिजनौर में ही सवा महीने में 35 लोगों की मौत हो गयी। ...

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नारी की चुनौती नयी माकपा सरकार को !

के. विक्रम राव नारी—अस्मिता को अतीव महत्व देने के लिये गुजरात के बाद केरल ही मशहूर है। इस बार वहां प्रथम महिला मुख्यमंत्री की संभावना अत्यधिक थी। पर लैंगिक भेदभाव करने में मार्क्सवादी कम्युनिस्ट भी अंतत: वही भारतीय समाज में जमी पौरुष ग्रंथि से मुक्त नहीं हो पाये। कांग्रेसी जैसी ...

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ममता दीदी का ”खेला” चालू छे !

के. विक्रम राव भारतीय गणराज्य से बंगभूमि के ​”मुक्ति” का संघर्ष विप्र—विदुषी ममता बंधोपाध्याय ने तेज कर दिया है। यूं भी ”आमी बांग्ला” बनाम ”तू​मि बाहरी” के नारे पर उनकी तृणमूल कांग्रेस पार्टी विधानसभा का चुनाव गत माह लड़ी थी। अत: अब अपने अधूरे एजेण्डे को अंजाम देने में प्राणपण ...

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मालेरकोटला पर विवाद ? अज्ञानता ही जड़ है !!

के. विक्रम राव दो राज्यों (पंजाब और उत्तर प्रदेश) के मुख्यमंत्रियों में विवादग्रस्त बयानबाजी कल (15 मई 2021) हुयी। नतीजन पंजाब की एक शांत, सशुप्त नगरी सुखियों में आ गयीं। संपादकजन भी खोजने लगे कि आखिर यह मालेरकोटला है क्या बला ? इस नगरी पर कांग्रेसी कप्तान अमरेन्द्र सिंह और ...

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इस्राइल से यारी पर खौफ इतना क्यों ?

के. विक्रम राव अरब आतंकी गिरोह ”हरकत—अल—मुक्वाम—अल—इस्लामी” (हमास) के राकेट के हमले से गाजा सीमावर्ती इलाके में सेवारत नर्स 32—वर्षीया सौम्या की परसों रात (11 मई 2021) मृत्यु हो गयी। अगले ही दिन विश्व नर्स दिवस था। उसकी अस्सी—वर्षीया यहूदी मरीज भी बुरी तरह घायल हो गयी। आक्रमण के वक्त ...

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सोनिया ! और कितने दिन ?

के. विक्रम राव वामपंथी, सोनिया—प्रशंसक अंग्रेजी दैनिक ”दि हिन्दू” में आज (12 मई 2021) कार्टूनिस्ट सुरेन्द्र ने एक चित्र रेखांकित किया है। कांग्रेस कार्य समिति की (10 मई) हुयी बैठक की बाबत है। म्यूजिकल चेयर का खेल चल रहा है। भोंपू पर रिकार्ड बज रहा है। गोलाई के भीतर बस ...

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जान और जहान के चक्रव्यूह में फंसे न जान बच पा रही, न जहान की उम्मीद

राजेश श्रीवास्तव इन दिनों आपने देखा होगा कि भारत में सुप्रीम कोर्ट, लगभग सभी हाईकोर्ट, कोरोना पर गठित टास्क फोर्स, आस्ट्रेलिया, अमेरिका, फ्रांस, जापान और अन्य कई देश जहां भारत में संपूर्ण लाकडाउन की मांग कर रहे हैं लेकिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी लॉक डाउन को अंतिम विकल्प मान कर टाल ...

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कोरोना संकट से हांफता देश और सियासत में जुटी सरकारें

राजेश श्रीवास्तव इन दिनों कोरोना का कहर पूरे देश में सुरसा की तरह मुंह बाये खड़ा है, हजारों जानें उसमें समा गयी हैं लेकिन केंद्र की मोदी सरकार और भाजपा शासित राज्य सियासत में पीछे नहीं हैं। पिछले एक महीने से कोरोना की दूसरी लहर ने देश में हाहाकार मचा ...

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तो अपना ग़म भूलिए , दुःख भूलिए , बस धीरज की डोरी से बंधे रहिए !

दयानंद पांडेय इस कोरोना काल में स्थितियां सचमुच बहुत कठिन हैं। अरण्य काण्ड में सती अनुसूइया द्वारा सीता को दी गई सीख में तुलसी दास ने लिखा ज़रूर है : धीरज धर्म मित्र अरु नारी। आपद काल परिखिअहिं चारी।। बृद्ध रोगबस जड़ धनहीना। अंध बधिर क्रोधी अति दीना।। तो धीरज ...

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