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40+ बच्चों को काटा/मारा, माँ की लाश के बगल में पड़ा था गर्भनाल से जुड़ा मृत भ्रूण: इजरायल में दिखा हमास आतंकियों की क्रूरता का नज़ारा, अब तक 900 का नरसंहार

हमास, बच्चों, हत्या, भ्रूणहमास के आतंकवादियों ने 7 अक्टूबर को इजरायल में घुसकर नरसंहार किया है। 40 से ज्यादा बच्चों समेत दर्जनों लोगों को एक गाँव में ही मार डाला है। टाइम्स ऑफ इजरायल में प्रकाशित खबर के अनुसार एक रिपोर्टर को आईडीएफ (इजरायल डिफेंस फोर्स) कमांडर ने परिवार सहित दर्जनों बच्चों के नरसंहार की बात बताई। निकोल जेडेक नाम की इस रिपोर्टर ने यह भी बताया कि कमांडर के बताए अनुसार 40 बच्चों की हत्या वाली संख्या बढ़ सकती है क्योंकि इजरायली सैनिक घर-घर जाकर अभी भी तलाशी कर रहे हैं।

कुछ मीडिया ने 40 बच्चों का गला काटे जाने वाली घटना को अफवाह बताया है। प्रेस एजेंसी एन्डोलू (Anadolu) ने ट्वीट कर बताया है कि इजरायली सेना से जब उन्होंने संपर्क किया तो हमास द्वारा बच्चों के गला काटे जाने वाली बात की पुष्ट जानकारी होने से इनकार किया।

प्रेस एजेंसी एन्डोलू के उलट i24 न्यूज इंग्लिश के वीडियो ट्वीट में एक इजरायली सैनिक को स्पष्ट सुना जा सकता है कि हमास आतंकियों ने महिलाओं और बच्चों का गला-सिर काटा है।

जिस गाँव में हमास आतंकियों ने नरसंहार मचाया, 4 दिन बाद भी वहाँ मारे गए लोगों के घरों के दरवाजे खुले हैं, हर तरफ पूरे गाँव में लाशें बिखरी पड़ी हैं। ये भयावह खबरें तब सामने आई, जब इजरायली सेना ने फिर से उस गाँव का कंट्रोल अपने हाथ में लिया और हमास के आतंकियों को अपने देश से खदेड़ा, या फिर उसी गाँव में उन्हें मार डाला।

इस गाँव में जहाँ-तहाँ हमाज के आतंकियों की लाशें भी अब बिखरी पड़ी दिखाई दे रही हैं। यहाँ एक ऐसी महिला का शव मिला है, जिसका बच्चा गोलियों की बौछार की वजह से पेट से निकल गया और वो अभी भी गर्भनाल से जुड़ा हुआ है। दोनों की जानें जा चुकी हैं।

पूरे गाँव में नरसंहार, 40 से ज्यादा बच्चों का कल्तेआम

हमास के आतंकियों ने गाजा पट्टी से महज 400 मीटर दूर स्थित किबुत्ज़ कफ़र अज़ा में मौत का नंगा-नाच किया है। यहाँ हर तरफ मौत ही मौत है। 100 से अधिक शव बरामद किए जा चुके हैं। इन गाँव पर अभी-अभी इजरायली सेना ने वापस कब्जा किया है। लोगों के घर खुले हुए हैं। बड़े, बुजुर्ग, बच्चे सब मारे जा चुके हैं, तो जवान लोगों को संभवत: बंदी बनाकर गाजा पट्टी ले जाया गया है। किबुत्ज़ कफ़र अज़ा में 40 से अधिक नवजातों/बच्चों को हमास के आतंकवादियों ने कसाइयों की तरह मारा, काट डाला है।

आई24 की रिपोर्ट के मुताबिक, यहाँ रेस्क्यू अभियान में पहुँचे रिजर्व सैनिकों को भयावह हालात का सामना करना पड़ रहा है। 100 से अधिक शवों को निकालने के क्रम में उन्हें 40 से अधिक बच्चों, जिसमें कुछ दुधमुँहे बच्चे भी हैं, उनके भी शव मिले हैं, कईयों के सिर धड़ से अलग किए जा चुके हैं। पहली बार इजरायल ने हमास के कब्जे में गए इलाकों में मीडिया को जाने दिया है, मीडिया के कैमरों में जो कुछ भी कैद हो रहा है, वो बेहद भयावह है।

हमास के हमले में अब तक 900 से ज्यादा लोगों की मौत

इस पूरे गाँव में खड़ी कारों को जलाया जा चुका है। ये तो विनाश का महज एक छोड़ा सा हिस्सा है। अभी तक सभी शव निकाले नहीं जा सके हैं। मृतकों का आंकड़ा कहीं ज्यादा बढ़ सकता है, क्योंकि और शव अभी घरों से निकाले जा रहे हैं। आधिकारिक आँकड़ों के मुताबिक, हमास के हमले में अब तक 900 से अधिक लोग मारे जा चुके हैं।

येरुशलम पोस्ट के संपादक एवी मेयर ने भयावह जानकारी दी है। उन्होंने एक्स पर लिखा, “दक्षिणी इज़राइल की कहानियाँ प्रति घंटे बदतर होती जा रही हैं। एक महिला की हत्या कर दी गई और उसके बगल में एक भ्रूण था, जो अभी भी गर्भनाल से जुड़ा हुआ था। एक बुजुर्ग महिला खून से लथपथ मिली, उसके शरीर पर गोलियों के निशान थे। पूरे परिवार अपने घरों में जलकर मरे हुए पाए गए।”

यह युद्ध नहीं, नरसंहार है

हमास के आतंकवादियों के इस हमले के चार दिन बाद आईडीएफ मेजर जनरल इताई वेरुव भी उस जगह पहुँचे। उन्होंने हमास की ज्यादतियों पर तीखी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि घरों में घुसकर हमले किए गए हैं। पूरे के पूरे परिवार खत्म कर दिए गए हैं। कफ़र अज़ा में ये युद्ध नहीं है, बल्कि ये नरसंहार है।

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