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अतीक की बेनामी प्रॉपर्टी का सौदा करने में जुटा था विजय मिश्रा, शाइस्ता और जैनब से लगातार हो रही थीं मुलाकातें

पुलिस सूत्रों की मानें तो प्रयागराज के ही एक सफेदपोश नेता के जरिए बेनामी प्रॉपर्टी की डील होनी थी. पूछताछ में विजय मिश्रा से पुलिस को कई अहम जानकारियां मिली हैं.

अतीक अहमद और अशरफ की हत्या के बाद वकील विजय मिश्रा लगातार फरार चल रही शाइस्ता (अतीक की बीवी) और जैनब (अशरफ की बीवी) के संपर्क में था. उसकी दोनों महिलाओं से मुलाकातें तक हो रही थीं.

शूटर को दी थी उमेश की लोकेशन

उमेश पाल हत्याकांड में यूपी एसटीएफ ने माफिया अतीक अहमद के वकील विजय मिश्रा को लखनऊ से गिरफ्तार किया है. विजय मिश्रा पर आरोप है कि उसने उमेश की लोकेशन शूटर को दी थी और वह जेल में बंद अतीक के भाई अशरफ से लगातार संपर्क में था.

24 फरवरी को हुई थी उमेश पाल की हत्या 

बता दें कि बदमाशों ने बहुजन समाज पार्टी के विधायक रहे राजू पाल की हत्या के मामले में मुख्य गवाह उमेश पाल पर 24 फरवरी को गोलीबारी कर दी थी. उमेश पाल गाड़ी से निकलकर जब अपने घर की ओर भागे, तब बदमाशों ने उनको निशाना बनाकर बम भी फेंके थे.

उमेश पाल और दो गनर की हुई थी हत्या 

इस हमले में गंभीर रूप से घायल उमेश पाल और उनके दो गनर को आसपास के लोगों ने इलाज के लिए तत्काल स्वरूप रानी नेहरू अस्पताल पहुंचाया जहां उपचार के दौरान तीनों की मौत हो गई थी. उमेश पाल हत्याकांड में अतीक अहमद का नाम सामने आया था. अतीक अहमद और अशरफ अहमद पर उमेश पाल की हत्या की साजिश रचने का आरोप लगा था.

मारे जा चुके कई आरोपी 

उमेश पाल की हत्या के अगले उनकी पत्नी जया पाल ने अतीक अहमद और उसके भाई अशरफ अहमद, अतीक की पत्नी शाइस्ता, बेटे असद के साथ ही शूटर अरमान, गुलाम, गुड्डू मुस्लिम और साबिर के खिलाफ केस दर्ज किया था. इनमें से अतीक और अशरफ समेत छह आरोपी मारे जा चुके हैं. शाइस्ता, गुड्डू मुस्लिम और जैनब समेत अन्य आरोपी अब भी पुलिस की गिरफ्त से बाहर हैं.

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